राजस्थान कर्मचारी चयन बोर्ड (RSSB) पटवार भर्ती परीक्षा-2021 में डमी अभ्यर्थी को बैठाकर सरकारी नौकरी हासिल वाली आरोपी महिला को एसओजी ने गिरफ्तार किया। आरोपी चुंकी बाई(41) 18 महीने से फरार चल रही थी। आरोपी महिला पर एसओजी ने 10 हजार रुपए का इनाम घोषित किया था। जांच में सामने आया कि आरोपी महिला ने अपनी जगह दूसरे अभ्यर्थी से परीक्षा दिलाने के लिए करीब 5 लाख रुपए दिए थे। परीक्षा में चयन के बाद उसकी नियुक्ति पटवार हल्का ईंदू, कुम्हेर (भरतपुर) में हो गई थी। इसमामले में डमी अभ्यर्थी नेमी बाई उर्फ सम्मी उर्फ सुमिता (34) निवासी काबुली, थाना धोरीमन्ना, जिला बाड़मेर (वर्तमान निवास सांचौर क्षेत्र), तत्कालीन पद- निलंबित तृतीय श्रेणी अध्यापिका को पहले ही गिरफ्तार किया जा चुका है।
डमी अभ्यर्थी बैठाकर बनी थी पटवारी
एडीजी एसओजी विशाल बंसल ने बताया कि आरोपी अभ्यर्थी चुंकी बाई ने प्रवेश पत्र पर अपनी और डमी अभ्यर्थी की मॉर्फ्ड फोटो लगाकर फर्जी हस्ताक्षरों के जरिए 23 अक्टूबर 2021 को जयपुर स्थित परीक्षा केंद्र पर परीक्षा दिलवाई। परीक्षा में चयन के बाद उसकी नियुक्ति पटवार हल्का ईंदू, कुम्हेर (भरतपुर) में हो गई थी।
गोपनीय शिकायत के बाद खुला मामला
एसओजी कार्यालय को मिली गोपनीय शिकायत के आधार पर जांच कर प्रकरण संख्या 62/2024 दर्ज किया गया। मामले में भारतीय न्याय संहिता(BNS) के तहत धोखाधड़ी, जालसाजी, फर्जी डॉक्यूमेंट तैयार करने, आपराधिक षड्यंत्र सहित राजस्थान सार्वजनिक परीक्षा (परीक्षा में अनुचित साधनों का प्रयोग) अधिनियम, 1992 की धाराओं में मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई।
डमी अभ्यर्थी को दिए थे 5 लाख रुपए
जांच में सामने आया कि चुंकी बाई ने अपनी जगह परीक्षा देने के एवज में डमी अभ्यर्थी को 5 लाख रुपए नकद दिए थे। इस पूरे षड्यंत्र में प्रवेश पत्र पर फोटो बदलने और फर्जी हस्ताक्षरों का यूज कर परीक्षा दिलाई गई थी।
18 महीने तक फरार रही आरोपी
एडीजी एसओजी ने बताया कि मामला दर्ज होने के बाद चुंकी बाई पिछले 18 महीने से फरार थी। इस दौरान वह डीग, भरतपुर और जालोर सहित विभिन्न स्थानों पर छिपकर रह रही थी। आरोपी की गिरफ्तारी पर एसओजी के उप महानिरीक्षक पुलिस द्वारा 10 हजार रुपए के नकद इनाम की घोषणा भी की गई थी।
डमी अभ्यर्थी पहले ही हो चुकी है गिरफ्तार
इस मामले में डमी अभ्यर्थी नेमी बाई उर्फ सम्मी उर्फ सुमिता को एसओजी पहले ही गिरफ्तार कर चुकी है। नेमी बाई तत्कालीन निलंबित तृतीय श्रेणी अध्यापिका रही है और उसके खिलाफ भी मामले की जांच जारी है।
एसओजी की कार्रवाई
महानिरीक्षक पुलिस अजयपाल लांबा, उप महानिरीक्षक भुवन भूषण यादव और पुलिस अधीक्षक कुंदन कंवरिया के निर्देशन में निरीक्षक नवनीत भारद्वाज के नेतृत्व में एसओजी टीम ने लगातार तलाश के बाद आरोपी चुंकी बाई को गिरफ्तार किया। फिलहाल एसओजी आरोपी महिला से पूछताछ कर रही है और परीक्षा गिरोह से जुड़े अन्य लोगों की भूमिका की भी जांच की जा रही है।
