Contact Information

सिटी कार्यालय: मोटर मार्केट वार्ड नं. 18, नया 23, सरदारशहर चूरू(राजस्थान),
मुख्य कार्यालय: 42, कॉस्मो कॉलोनी, विनायक रेजीडेंसी, विशाली नगर, जयपुर

We Are Available 24/ 7. Call Now.

पशुपालन, गोपालन, डेयरी एवं देवस्थान विभाग के कैबिनेट मंत्री जोराराम कुमावत ने शासन सचिवालय में पशुपालन विभाग की एक उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक ली। बैठक में मंत्री ने ‘मंगला पशु बीमा योजना’ की प्रगति की समीक्षा की। इस दौरान लक्ष्यों को पूरा करने में लापरवाही बरतने और पिछड़ने वाले अधिकारियों के खिलाफ सख्त कदम उठाने के निर्देश दिए गए।

उन्होंने बीमा के तय लक्ष्यों से पिछड़ने वाले जिलों के संयुक्त निदेशकों को तुरंत ’17 सीसी’ (17 CC) के तहत चार्जशीट देने के निर्देश दिए। बीमा लक्ष्यों की शत-प्रतिशत पूर्ति के लिए विभाग को विशेष कैंप लगाने के आदेश दिए गए हैं। इसके अलावा, बीमाधारक मृत पशु के पोस्टमॉर्टम के समय संबंधित पशु चिकित्सक और बीमा सर्वेयर दोनों की उपस्थिति को अनिवार्य कर दिया गया है। पशुओं के बीमा कार्य को सुचारू और पारदर्शी बनाने के लिए पशु चिकित्सकों की सेवाओं को प्राथमिकता के आधार पर लिया जाएगा।

गौशालाओं के लिए अलग कलर कोडिंग बैठक के दौरान मंत्री कुमावत ने गौशालाओं के बीमाधारक पशुओं की सही पहचान सुनिश्चित करने के लिए प्रत्येक गौशाला के टैग का कलर (रंग) अलग-अलग रखने के आदेश दिए। उन्होंने जोधपुर संभाग के बालोतरा, बाड़मेर और जैसलमेर जिलों में भेड़, बकरी व ऊंट के बीमा तथा पाली, जालौर व सिरोही जिलों में गाय व भैंस के बीमा कार्य में तेजी लाकर 42 लाख के लक्ष्य को जल्द से जल्द पूरा करने के लिए अधिकारियों को पाबंद किया। पशुपालन मंत्री ने विभाग में जितने भी पेंडिंग क्लेम और बीमा पॉलिसी के कार्य रुके हुए हैं, उन्हें शीघ्रातिशीघ्र पूरा करने के कड़े निर्देश दिए। मंत्री कुमावत ने साफ किया है कि सरकारी योजनाओं का लाभ पशुपालकों तक पहुंचाने में किसी भी स्तर पर कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। इस मौके पर शासन सचिव (पशुपालन) विकास सीताराम भाले, पशुपालन विभाग के निदेशक डॉ. सुरेश कुमार मीणा, एसआईपीएफ की निदेशक हेमपुष्पा सहित पशुपालन व एसआईपीएफ विभाग के अन्य वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे।

Share:

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *