सादुलपुर | सांसद राहुल कस्वां ने लोकसभा में सोमवार को अपने अतारांकित प्रश्न के तहत चूरू में कम वन क्षेत्र का मुद्दा उठाया। कस्वां ने बताया कि उनके प्रश्न के उत्तर में केंद्र सरकार ने माना कि चूरू में वन क्षेत्र मात्र 0.45 प्रतिशत, देश के औसत से लगभग 48 गुणा कम।
केंद्र सरकार ने स्वीकार किया कि भारत वन स्थिति रिपोर्ट 2023 के अनुसार चूरू जिले का वन क्षेत्र अब घटकर मात्र 62.73 वर्ग किमी अर्थात जिले के कुल भौगोलिक क्षेत्र का केवल 0.45 प्रतिशत रह गया है। यह स्थिति अत्यंत गंभीर है। सांसद ने कहा कि चूरू देश के उन जिलों में है जहां वर्षा अत्यंत कम होती है। मरुस्थलीकरण लगातार बढ़ रहा है। गर्मियों में तापमान देश में सबसे अधिक दर्ज होने वाले क्षेत्रों में शामिल रहता है। सांसद ने मांग की कि चूरू जैसे संवेदनशील जिले के लिए विशेष हरित विकास कार्ययोजना तैयार की जाए।
